- क्या अधिकारीयों की है मौन सन्मति ?
- आखिर किसके इशारे पर चल रहा है वसूली का काला खेल ?
बल्लारपुर -
बल्लारपुर क्षेत्र में आने वाले बी.ओ.सी.एम. में ट्रक लोडिंग के पैसे देने पड रहे है. पेलोडर मशीन से लोडिंग के नाम पर मशीन ऑपरेटर द्वारा ट्रक चालकों से 500 सौ से 800 सौ रुपये अतिरिक्त लिए जा रहे है. जबकि यह सर्वथा अनुचित है. पहले ही लॉक डाउन से बेजार ट्रक मालिक अब अपना माथा पीट रहे है. वसूली की भनक न लगना एंव अधिकारीयों की चुप्पी से वेकोलि प्रशासन की कार्यशैली भी सवालों के घेरे में आ गई है. हालांकि बल्लारपुर उपक्षेत्रीय प्रबंधक ने अतिरिक्त राशि वसूले जाने को गलत बतलाया है.
मिली जानकारी के अनुसार वेकोलि में ठेके पर लगी पेलोडर मशीन का किराया तय होते हुए भी ट्रक वालों से प्रति ट्रक 500 सौ से 800 सौ रुपये अतिरिक्त वसूल किए जाते है. दिन भर मे करीब दो दर्जन से अधिक गाडियां पेलोडर मशीन से लोड होती है. यहां पर स्थित कोयला व्यापारियों के दलाल तैनात होते है. जिनके कोयला चुननेवाले मजदूर मशीन के बकेट में कोयला चुन चुनकर डालते है. कई बार दुर्घटना होती रहती है जिसकी भनक किसी को नही हो पाती. लॉक डाऊन में महीनों ट्रक खड़े रहने के पश्चात अब उनका इस तरह आर्थिक शोषण किया जा रहा है. जबकि, बल्लारपुर के उपक्षेत्रीय प्रबंधक से संपर्क करने पर उन्होंने ट्रक वालो से पैसे लिए जाने को गलत बताया है. उन्होंने बताया की, पेलोडर मशीन का पेमेंट तो वेकोलि अदा करती है. यदि ट्रक वालो से पैसे लिए जाते है तो यह सर्वथा अनुचित है. पेलोडर मशीन के मालिक राजू खंडेलवाल से संपर्क करने पर उन्होंने भी इस बात से इंकार किया है. जबकि स्थानीय सुपरवाइजर तनवीर ने स्वीकार किया है कि ट्रक लोडिंग के पैसे लिए जाते है. आखिर ये पैसे जाते कहां है ? यह एक जांच का विषय है. अवैध वसूली के इस खेल में कार्टिंग का काम कर रहे दलाल, मशीन सुपरवाइजर एवम् अन्य की मिलीभगत होने की संभानाएं व्यक्त की जा रही है. वेकोलि प्रशासन से समय रहते ऐसे तत्वों पर अंकुश लगाने की मांग ट्रक मालिकों ने की है. ऐसा नहीं होने से, अन्य हथकडों से सबक सिखाने की चेतावनी भी ट्रक मालिकों ने दी है.



कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें